नई दिल्ली।सोशल मीडिया पर पिछले कुछ दिनों से वायरल हो रहे एक कथित गजट नोटिफिकेशन को लेकर सरकार ने स्थिति पूरी तरह स्पष्ट कर दी है।प्रेस सूचना ब्यूरो (पीआईबी) की फैक्ट चेक इकाई ने इस दावे को पूरी तरह फर्जी और भ्रामक करार दिया है।सोशल मीडिया पर दावा किया जा रहा था कि केंद्रीय वित्त मंत्रालय ने भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) सहित देश के सभी सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के लिए हर शनिवार को सार्वजनिक अवकाश घोषित कर दिया है।
पीआईबी ने एक्स पर इसकी आधिकारिक पुष्टि करते हुए कहा,सोशल मीडिया पर साझा किया जा रहा यह दस्तावेज पूरी तरह नकली है।वित्त मंत्रालय द्वारा सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के लिए हर शनिवार को छुट्टी घोषित करने वाली ऐसी कोई अधिसूचना जारी नहीं की गई है।पीआईबी ने आम जनता से अपील की है कि वे केंद्र सरकार से जुड़ी किसी भी संदिग्ध खबर को साझा करने से पहले उसकी सत्यता जांच लें।
बता दें कि देश के सभी सरकारी और निजी बैंक साल 2015 में तय किए गए नियमों के अनुसार ही काम कर रहे हैं।इस व्यवस्था के तहत बैंक महीने के दूसरे और चौथे शनिवार को बंद रहते हैं।महीने के पहले,तीसरे और पांचवें शनिवार को बैंक पूरी तरह खुले रहते हैं और सामान्य दिनों की तरह कामकाज होता है।
बैंक कर्मचारियों के संगठनों की शीर्ष संस्था यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस लंबे समय से बैंकों में पांच दिवसीय कार्य सप्ताह (शनिवार और रविवार दोनों दिन पूरी छुट्टी) लागू करने की मांग कर रही है। इस मांग को लेकर बैंक यूनियनों ने देशव्यापी हड़ताल पर जाने का भी आह्वान किया था,जिसे इंडियन बैंक्स एसोसिएशन के साथ हुई सकारात्मक बातचीत के बाद टाल दिया गया।
आईबीए ने बैंक यूनियनों को आश्वासन दिया है कि उनकी मांगों पर विचार करने के लिए एक उच्च स्तरीय समिति का गठन किया जा रहा है।यह समिति सभी हितधारकों,विशेषकर बैंक ग्राहकों की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए कोई ऐसा विकल्प तलाशेगी जो सभी के लिए स्वीकार्य हो।
बैंक कर्मचारियों के लिए 5-डे वर्किंग की मांग पर अभी बातचीत और समीक्षा का दौर चल रहा है।सरकार या वित्त मंत्रालय की ओर से इसे मंजूरी देने का कोई अंतिम फैसला नहीं लिया गया है,इसलिए सोशल मीडिया पर चल रही हर शनिवार की छुट्टी की खबर पर विश्वास न करें और अफवाहों से बचें।