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लखनऊ।उत्तर प्रदेश में योगी सरकार आने के बाद अपराधियों की कमर टूट गई है।मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर यूपी पुलिस ने जब जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई तो अपराधियों पर धड़ाधड़ कार्रवाई करनी शुरू कर दी। नौ साल में यूपी पुलिस अपराधियों के लिए यमराज बन गई।पुलिस ने 289 दुर्दांत अपरधियों को मुठभेड़ में मार गिराए हैं,जो बचे हैं वह जेलों में सजा काट रहे हैं।
नौ साल में पुलिस और अपराधियों की कई मुठभेड़ हुईं। पुलिस ने अब तक लगभग 34,253 अपराधियों को गिरफ्तार किया है।इस मुठभेड़ में कुल 11,834 अपराधी घायल हुए। इस दौरान अपराधियों से मोर्चा लेते समय 18 पुलिसकर्मी शहीद और 1,852 पुलिसकर्मी घायल हुए।सबसे मुठभेड़ 4,813 मेरठ ज़ोन में हुईं,इसमें 8,921 अपराधी दबोचे गये और 3,513 अपराधी घायल हुए,जबकि 97 कुख्यात अपराधी मौके पर ही ढेर हो गये।
मेरठ जोन में हुई मुठभेड़ के दौरान 477 पुलिसकर्मी घायल हुए।दो पुलिसकर्मी शहीद हो गये।वाराणसी जोन में 1,292 मुठभेड़ हुईं,इस मुठभेड़ में 2,426 अपराधियों को गिरफ्तार किया गया, 29 अपराधी ढेर कर दिये गये। 907 अपराधी और 104 पुलिसकर्मी घायल हुए।आगरा जोन में 2,494 मुठभेड़ हुईं,इस मुठभेड़ में 5,845 अपराधी गिरफ्तार किए गए। 968 अपराधी घायल हुए और 24 अपराधी ढेर कर दिए गए।मुठभेड़ में 62 पुलिसकर्मी भी घायल हुए।मुठभेड़ के आंकड़ों पर नजर डालें तो बरेली ज़ोन में 2,222 मुठभेड़ में 21 दुर्दांत अपराधी ढेर हुए,लखनऊ ज़ोन में 971 मुठभेड़ हुई, इसमें 20 अपराधी ढेर कर दिए गए।
गाजियाबाद कमिश्नरी में 7,89 मुठभेड़ हुई,इसमें 18 अपराधी ढेर कर दिए गये।कानपुर जोन में 791 मुठभेड़ हुई,इसमें 12 अपराधी ढेर कर दिए गए,लखनऊ कमिश्नरी में 147 मुठभेड़ हुई,इसमें में 12 अपराधी ढेर कर दिए गए,प्रयागराज जोन में 643 मुठभेड़ में 11 अपराधियों को ढेर कर दिए गए,आगरा कमिश्नरी में 489 मुठभेड़ में 10 अपराधी ढेर कर दिए गए,गौतमबुद्ध नगर में 1,144 मुठभेड़ में 9 अपराधी ढेर कर दिए गए,गोरखपुर जोन में 699 मुठभेड़ में 8 अपराधी ढेर कर दिए गए,वाराणसी कमिश्नरी में 146 मुठभेड़ में 8 अपराधी ढेर कर दिए गए,प्रयागराज कमिश्नरी में 150 मुठभेड़ में 6 और कानपुर कमिश्नरी में 253 मुठभेड़ों में 4 अपराधियों को ढेर किया गया।
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