वाराणसी।केंद्रीय जल आयोग की 30 सितंबर सुबह 8 बजे की रिपोर्ट के मुताबिक काशी में गंगा का जलस्तर 68.36 मीटर पर स्थिर है।यहां गंगा का चेतावनी स्तर 70.26 मीटर और खतरा स्तर 71.26 मीटर निर्धारित है।वर्तमान जलस्तर खतरे के निशान से लगभग 3 मीटर नीचे है,लेकिन घाटों पर पानी बढ़ने से स्थिति पर नजर रखी जा रही है।गंगा के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए जिला प्रशासन ने नाव संचालन पर रोक लगा रखी है।
पितृपक्ष से गंगा घाटों पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है।इसे देखते हुए एनडीआरएफ और जल पुलिस अलर्ट मोड पर है।घाटों पर लगातार पेट्रोलिंग की जा रही है और श्रद्धालुओं से गहरे पानी में न जाने की अपील की जा रही है।जिला प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे घाटों पर सतर्क रहें और जलस्तर की स्थिति को ध्यान में रखते हुए सावधानी बरतें।
एनडीआरएफ और जल पुलिस की टीमों ने घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया है।लगातार गश्त कर रहे हैं और श्रद्धालुओं को सुरक्षित रहने के लिए जागरूक कर रहे हैं। जल पुलिस ने भी गंगा में नाव चलाने पर रोक लगाने के साथ ही घाटों पर सुरक्षा के लिए अतिरिक्त बल तैनात किया है।
पितृपक्ष में गंगा घाटों पर श्रद्धालुओं की संख्या में बढ़ोतरी होती है,जिससे सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत करने की आवश्यकता होती है। प्रशासन ने सभी आवश्यक कदम उठाए हैं ताकि श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। वहीं शीतला मंदिर में पानी घुसने के बाद से ही पूजा पाठ प्रभावित हो गया है।
गंगा का जलस्तर बढ़ने से घाटों पर पानी का स्तर भी बढ़ गया है,इससे श्रद्धालुओं को घाटों पर जाने में कठिनाई हो सकती है। प्रशासन ने सभी से अपील की है कि वे घाटों पर जाने से पहले जलस्तर की स्थिति की जानकारी अवश्य लें।
इस समय गंगा घाटों पर श्रद्धालुओं की भीड़ के बीच सुरक्षा व्यवस्था को बनाए रखना अत्यंत महत्वपूर्ण है। एनडीआरएफ और जल पुलिस की टीमों ने इस दिशा में सक्रियता दिखाई है और वे लगातार स्थिति की निगरानी कर रही हैं। जिला प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को निर्देश दिए हैं कि वे स्थिति पर नजर रखें और किसी भी प्रकार की आपात स्थिति के लिए तैयार रहें।
श्रद्धालुओं को सुरक्षित रखने के लिए सभी आवश्यक उपाय किए जा रहे हैं।गंगा का जलस्तर बढ़ने से प्रशासन ने नाव संचालन पर रोक लगाई है,एनडीआरएफ और जल पुलिस को अलर्ट मोड पर रखा गया है। श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि वे सावधानी बरतें और प्रशासन के निर्देशों का पालन करें।